Big Bulletin Headlines CG Nov 2 | India First News

CD कांड ने छत्तीसगढ़ की सियासत को बेहद गरमा दिया है…एक तरफ जहां सरकार इस मामले में विपक्षियों को जवाब देने की तैयारी में है तो वही कांग्रेस इस मामले को उछालकर सरकार की नाक में दम करने का कोई मौका नहीं छोड़  रही है…

तथाकथित CD कांड को लेकर छ्त्तीसगढ़ में रोजाना नए नजारे देखने मिल रहे है…ऐसा ही वाकया उस वक्त सामने आया जब पीएल पुनिया और भूपेश बघेल को काले झंडे दिखाने भजापा युवा मोर्चा के कार्यकर्ता पहुंचे तो विवाद की स्थिति बन गई…यहां कांग्रेस कार्यकर्ताओं और भाजयुमों के कार्यकर्ताओं के बीच जमकर झूमाझटकी हो गई…मामला बढ़ता इसके पहले ही पुलिस बल मौके पर पहुंच गया था और सबको शांत कराया…ये विवाद उस वक्त हुआ जब पीएल पुनिया और भूपेश बघेल सर्किट हाउस जा रहे थे…ब्यूरो रिपोर्ट इंडिया फर्स्ट न्यूज छत्तीसगढ़

 

 छत्तीसगढ़ की सियासत में बवाल मचाने वाले कथित अश्लील सीडी कांड मामले को सीबीआई को सौंपने के लिए रायपुर एसआईटी की टीम दिल्ली पहुंच गई है। खबर है कि टीम वहां सीबीआई के अधिकारियों से मिलकर अब तक हुई जांच का पूरा ब्योरा देगी..

 CD कांड में घिरी छत्तीसगढ़ सरकार ने सीडी कांड की जांच सीबीआई से कराने का प्रस्ताव भेजा है। सीबीआई कब से जांच शुरू करेगीफिलहाल स्पष्ट नहीं है और न ही अधिकारी इस बारे में कुछ बताने की स्थिति में हैं। मामले में विपक्ष से जुड़े बड़े-छोटे नेताओं की संलिप्तता होने की वजह से एसआईटी फूंक-फूंककर कदम बढ़ा रही है।  सूत्रों के मुताबिक खबर यह भी है कि एसआईटी ने रायपुर समेत भिलाईराजनांदगांव आदि शहरों के छह से अधिक संदेहियों को हिरासत में लिया है और उनसे पूछताछ की जा रही है…बहरहाल CD कांड में घिरी सरकार के सामने मुश्किलें है और बीजेपी ने इस मुद्दे पर आक्रामक रुख भी इख्तियार कर लिया है…ब्यूरो रिपोर्ट इंडिया फर्स्ट न्यूज छत्तीसगढ़

छत्तीसगढ़ राज्य के विधि विभाग ने कोर्ट के नोटिसों की तामील के लिए नए नियम बना दिए है जिनके मुताबिक अब अदालत के नोटिस कोरियर ई-मेल और फैक्स के जरिए भी तामील कराए जाएंगे

में कोर्ट के नोटिस अब कोरियरई-मेल और फैक्स के जरिए भी तामील होंगे। इसके लिए राज्य के विधि विभाग ने नियम बना दिया है। पक्षकार चाहें तो आदेश की कॉपी भी इलेक्ट्रानिक माध्यम से हासिल कर सकते हैंलेकिन इसके लिए उन्हें निर्धारित शुल्क देना पड़ेगा। सरकार ने इसकी अधिसूचना जारी कर दी है मौजूदा सिस्टम में वारंट व नोटिस की तामिली कोर्ट या थानों के माध्यम से होता है। कोर्ट या थाने का स्टॉफ संबंधित व्यक्ति के घर जाकर कोर्ट का आदेश देकर आता है। मौजूदा व्यवस्था में बड़ी संख्या में कोर्ट के आदेश तामिल ही नहीं हो पाते। यानी स्टॉफ उन तक पहुंच ही नहीं पाता है। इसकी वजह से कोर्ट की कार्यवाही में विलंब होता हैइन नए नियमों का अधिवक्ताओं ने भी स्वागत किया है…ब्यूरो रिपोर्ट इंडिया फर्स्ट न्यूज छत्तीसगढ़

 

 

 

 

Comments are closed.

Check Also

मालदीव में राष्ट्रपति मुइज्जू के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव की मांग

इंडिया फर्स्ट | नई दिल्ली | विपक्षी नेता ने भारत से विवाद पर कहा- देश को पड़ोसियों से अलग-…