
इंडिया फ़र्स्ट ।
मध्य प्रदेश में उपचुनाव के परिणामों को लेकर कांग्रेस के परफार्मेंस पर नौ नवंबर को पीसीसी में आत्ममंथन होने की संभावना है। इसी कड़़ी में पूर्व मुख्यमंत्री और प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमल नाथ का शनिवार को दिल्ली प्रवास के दौरान पार्टी अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात को अहम माना जा रहा है। हालांकि कांग्रेस द्वारा इस मुलाकात को प्रदेश और देश के विभिन्न मुद्दों पर चर्चा से जोड़ा जा रहा है। मगर दोनों नेताओं के बीच मध्य प्रदेश के उपचुनाव के परिणाम विशेष बताए जाते हैं।
मध्य प्रदेश में खंडवा लोकसभा और पृथ्वीपुर व जोबट विधानसभा सीटों पर उपचुनाव में कांग्रेस को हार मिली है। कांग्रेस के वरिष्ठ नेता उपचुनाव परिणामों को सकारात्मक बता रहे हैं और दावा कर रहे हैं कि पार्टी का वोट प्रतिशत बढ़ा है। पूर्व केंद्रीय मंत्री सुरेश पचौरी भी इसी तरह का एक बयान दे चुके हैं लेकिन यह परिणाम कांग्रेस की मध्य प्रदेश में कमजोर होती स्थिति को आईना दिखा रहे हैं। हालांकि यह कहा जा रहा है कि नौ नवंबर की पीसीसी की बैठक में पाकिस्तान से युद्ध के 50 साल पूरे होने और देश की आजादी के 75 साल पूरे होने पर देशभर में चलाए जाने वाले कार्यक्रमों पर चर्चा होगी। मगर उपचुनाव के परिणामों पर बैठक में चर्चा इससे अछूती नहीं रहेगी।
कांग्रेस छोड़ने के कारणों पर मंथन नहीं
कांग्रेस के कुछ नेताओं का मानना है कि पार्टी को अब इस पर मंथन करना चाहिए कि आखिर पार्टी से नेता क्यों जा रहे हैं। टिकट वितरण में नेताओं की नाराजगी को दूर करने की दिशा में प्रयासों की समीक्षा अब तक नहीं हुई है। पूर्व विधायक के नाते सुलोचना रावत को क्यों टिकट वितरण के समय मनाया नहीं गया जबकि उनके पुत्र विशाल रावत ने 2018 विधानसभा चुनाव में निर्दलीय प्रत्याशी होकर भी करीब 22000 वोट हासिल कर लिए थे। भाजपा ने समय की आवश्यकता के अनुसार निर्णय लेकर कांग्रेस को जबरदस्त झटका दिया। इसी तरह विधायक सचिन बिरला ने भाजपा का हाथ थामकर कांग्रेस को चोट पहुंचाई जिससे लोकसभा उपचुनाव में पार्टी प्रत्याशी को नुकसान हुआ।
अब दिल्ली में सोनिया से कमलनाथ की मुलाकात
उपचुनाव में कांग्रेस के लिए एकमात्र अच्छा परिणाम रैगांव का रहा है क्योंकि यह सीट भाजपा की परंपरागत सीट थी। इस पर कांग्रेस ने विधानसभा चुनाव 2018 का प्रत्याशी नहीं बदला और बहुजन समाज पार्टी भी मैदान में नहीं थी तो पार्टी को जीत मिल गई। इस परिणाम के अलावा कांग्रेस के लिए लोकसभा व दो विधानसभा सीटों के उपचुनाव अच्छे नहीं रहे जबकि पृथ्वीपुर में सहानुभूति वोट कांग्रेस के पक्ष में थे। इन परिणामों को लेकर दिल्ली में हाईकमान के सामने भी कई सवाल थे जिन्हें देने के लिए शनिवार को प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष कमल नाथ की सोनिया गांधी से मुलाकात हुई। इस मुलाकात को लेकर पीसीसी के अधिकृत बयान में बताया जा रहा है कि नाथ ने सोनिया को उपचुनाव परिणामों की जानकारी दी। साथ ही उनके बीच देश में सालभर से चल रहे किसान आंदोलन, खाद संकट, कोयला संकट, बिजली संकट, महंगाई जैसे मुद्दों सहित कांग्रेस के सदस्यता अभियान पर भी चर्चा हुई।
indiafirst.online